मित्र के लिये बैंक से ऋण (Bank loan for friend)

    मित्र के साथ मिलकर बैंक से ऋण (Loan from bank with friend) लेना या मित्र के लिये बैंक से ऋण लेना (Loan from bank for friend), दोनों ही किसी मुसीबत के लिये निमंत्रण हो सकते हैं। थोड़े समय पहले हमारे एक सहकर्मी ने हमसे इस बाबत बात की, और कहा कि उन्होंने बैंक से […]
Continue reading…

 

नामांकन आपके परिवार के लिये बहुत जरूरी है.. (Nomination is very important for your family)

    अपने निवेश और संपत्ति के लिये उत्तराधिकारी की घोषणा आपके जीवन में महत्वपूर्ण कार्यों में से एक होता है। इसके बारे में कुछ ही लोगों, निवेशकों को पता है, नामांकन के ना होने (उत्तराधिकारी घोषित ना होने की दशा में) किन किन समस्याओं का सामना करना पड़ता है यह भी बहुत कम लोगों को […]
Continue reading…

 

PMP, CBAP, ISTQB कौन सा सर्टिफ़िकेशन करना चाहिये ।

    आजकल बहुत सारे प्रोफ़ेशनल सर्टिफ़िकेशन बाजार में उपलब्ध हैं, जैसे कि प्रोजेक्ट मैनेजर के लिये PMP, बिजनेस अनालिस्ट के लिये CBAP, टेस्टिंग वालों के लिये ISTQB की बाजार में बहुत ज्यादा डिमांड है। सारे लोगों का प्रोफ़ाईल बिल्कुल यही नहीं होता है, कुछ ना कुछ अलग होता है और वे इसी सोच विचार में […]
Continue reading…

 

हमारे सारे पर्व और जयंतियाँ हैप्पी क्यों होने लगी हैं

आजकल हमारे सारे पर्व और जयंतियाँ हैप्पी क्यों होने लगी हैं, इसका कारण समझ नहीं आया । पर जब विश्लेषण करने बैठे तो समझ में यह आया कि अपने पास भारत में तो कोई वेलेन्टाईन डे, फ़्रेंडशिप डे, फ़ादर्स डे, मदर्स डे इत्यादि इत्याद ‘डे’ है ही नहीं, तो हमारे भारत में सारे पर्व और […]
Continue reading…

 

भाग १ – पाठ्य – गायत्री मन्त्र अथर्ववेद के अनुसार

वेदमाता के पावन अनुग्रह से हमें वैदिक तत्वज्ञान का अमृत – प्राशन करने का सुअवसर प्राप्त हो, यही हम सबके हृदय की एक मात्र कामना है – क्योंकि अथर्ववेद के अनुसार इसी से हमारी अन्य सभी इच्छाओं की परिपूर्ति हो जायेगी – स्तुता मया वरदा वेदमाता प्रचोदयन्तां पावमानी द्विजानाम्‍। आयु: प्राणं प्रजां पशुं कीर्तिं द्रविणं […]
Continue reading…

 

साइड अपर के लोचे और स्लीपर में ठंड को रोकने का इंतजाम

आज फ़िर से साइड अपर सीट मिली है, हालांकि आज 3AC में टिकट करवा रखा है, परंतु फ़िर भी ये साइड अपर का साईज अपने हिसाब से नहीं है । आरक्षण के समय व्यक्ति की उम्र के साथ ही उसकी लंबाई भी जरूर लिखवा लेनी चाहिये जिससे कम से कम कूपे के बीच की बर्थ मिल […]
Continue reading…

 

बस तुम्हें… अच्छा लगता है.. मेरी कविता

मुझे पता है तुम खुद को गाँधीवादी बताते हो, पूँजीवाद पर बहस करते हो, समाजवाद को सहलाते हो, तुम चाहते क्या हो, यह तुम्हें भी नहीं पता है, बस तुम्हें बहस करना अच्छा लगता है । जब तक हृदय में प्रेम, किंचित है तुम्हारे, लेशमात्र संदेह नहीं है, भावनाओं में तुम्हारे, प्रेम खादी का कपड़ा […]
Continue reading…

 

ब्रेकअप और आवारा साँसें

एक बगीचे के चारों और शाम सात बजे अँधेरा हो चुका है, एक जवान युगल जो पहनावे और उनके गले में पड़े हुए आई.टी. कंपनी वाले पट्टे से पता चलता है कि दोनों ही किसी आई.टी. कंपनी में काम करते हैं, और बात करने के लिये कोई माकूल जगह ढूँढ़ रहे हैं.. बगीचे के गोल […]
Continue reading…

 

चिंता या चिता

    आज अक्टूबर २०१३ शुरू हो रहा है, ऐसे पता नहीं कितने ही अक्टूबर आये और चले गये, ऐसे कितने ही महीने आये और चले गये, अब तो याद भी नहीं कि कौन सा महीना खुशी लाया था, और कौन सा महीना बिना खुशी के आया या निकला था । बहुत सोचता हूँ परंतु सोचने […]
Continue reading…