आटा, सब्जी, प्रेमकपल और पुलिसचौकी

कल शाम की बात है, बेटेलाल स्कूल से आ चुके थे तो अचानक गुस्से से आवाज आई “आटा आज भी आ गया ?” “सब्जी आ गई”, हम सन्न !! बेचारे क्या करते, अपने काम में मगन आटे का ध्यान एक सप्ताह से ना था, इधर पास के पंसेरी से १ किलो आटे का पैकेट लाकर […]
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शादी के १२ वर्ष और जीवन के अनुभव

आज शादी को १२ वर्ष बीत गये, कैसे ये १२ वर्ष पल में निकल गये पता ही नहीं चला, आज से हम फ़िर एक नई यात्रा की और अग्रसर हैं, जैसे हमने १२ वर्ष पूर्व एक नई यात्रा शुरू की थी, जब पहली यात्रा शुरू की थी तब पास कुछ नहीं था, बस कुछ ख्वाब थे […]
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वो काँच का दरवाजा

    दोपहर का समय था, घर से ५०% डिस्काऊँट और एक खरीदो एक मुफ़्त  का लाभ लेने के लिये निकले, बैंगलोर सेंट्रल मॉल में ३ घंटे में एथिनिक और वेस्टर्न की बहुत सी खरीदारी कर घर की और लौट रहे थे, कि बीच में ही एक दुकान पड़ी जहाँ पर ना चाहते हुए भी […]
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