Tag Archives: सत्य वचन

बाजार १८,००० की तरफ़, जोखिम में निवेशक

बाजार १८,००० की तरफ़ बढ गया है और अगर एक बार यह १८,००० को पार कर जाता है तो शायद यह २२,००० पर जाकर रुकेगी, पर इन सब गतिविधियों पर सरकार एवं सेबी को नजर रखना चाहिये कि कहीं छोटे निवेशक इसमें डूब न जायें। केवल वित्तमंत्री द्वारा चेतावनी जारी करने से काम नहीं चलेगा कि आम निवेशक ध्यान से निवेश करें, अरे निवेशक को पता है कि बाजार में जोखिम है पर उसके हितों की रक्षा करना सरकार का कर्तव्य है जिससे आम निवेशक जोखिम का सही आंकलन कर निवेश करने की हिम्मत करे ।

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क्या हिन्दी दिवस मनाना उचित है ।

क्या हिन्दी दिवस मनाना उचित है। कि हमें हमारी मात्रभाषा की रक्षा करना पड रही है और इस लिये हमें सरकारी रुप से यह दिन याद करना पड रहा है। लेकिन हम भी तो बडे बिगडेल हैं व हमारी सरकार भी कि आज हिन्दी दिवस मनाने के बाद फ़िर एक साल के लिये भूल जायेंगे ।

ISKCON में भक्ति के रंग

ISKCON में भक्ति के रंग अगर आप देखना चाहते हैं तो आप आइये ग्रांट रोड, मुंबई ईस्कान मंदिर में, जहाँ भागवतम व गीता जी की गंगा प्रवाहित होती है व कृष्ण भक्ति के अलग अलग रंग देखने को मिलते हैं ।

क्या है प्रेम की वाइल्ड वाणी

पुरुष किसी महिला से साथ तभी तक खुश रह सकता है, जब तक वह उसके प्रेम में न पडे़।

रोमांस का आरंभ कभी भी, कभी भी,भावुकता से नहीं होना चाहिए । आरंभ में समझदार होना चाहिए, अंत में भावुक।

औरतों को हमारी कमजोरियों से प्यार होता है। उनकी निगाह में हमारी हर कमजोरी माफ़ है, यहाँ तक कि अक्ल भी।

औरत दूसरा विवाह करती है कि उसे पहले पति से नफ़रत थी, मर्द इसलिए कि वह पहली पत्नी का दीवाना था। शादी में औरत अपनी तकदीर आजमाती है, मर्द दांव पर लगाते हैं। हर मर्द औरत का पहला प्यार होना चाहता है, औरत मर्द का आखिरी ।

आभार : अहा! जिंदगी